जय श्री राम’ के जयघोष से गूंजा परखम:भव्य कलश यात्रा के साथ श्रीराम कथा का आगाज ज़मरेही सानी जालौन

राजेन्द्र सेंगर
जालौन के ग्राम ज़मरेही सानी में शुक्रवार को श्री धीरेश द्विवेदी जी के द्वारा आयोजित श्री राम कथा एवं महायज्ञ जिसमें कथा व्यास अंतर्राष्ट्रीय कथावाचक पंडित श्री सत्यम व्यास जी महाराज जो की वर्तमान में अमेरिका की धरती पर सनातन धर्म का परचम लहरा रहे और यज्ञाचार्य पंडित श्री मृत्युंजय मणि जी महाराज अमेरिका एवं उनके सहयोगी गण।
कथा की कलशयात्रा में आस्था और उल्लास का अद्भुत संगम देखने को मिला। श्रीराम कथा एवं महायज्ञ के शुभारंभ से पहले निकाली गई भव्य कलश यात्रा ने पूरे गांव को भक्तिमय रंग में रंग दिया। पीले वस्त्रों में सजी सैकड़ों महिला श्रद्धालुओं ने सिर पर मंगल कलश धारण कर जब ‘जय श्री राम’ का उद्घोष किया, तो वातावरण पूरी तरह आध्यात्मिक ऊर्जा से भर उठा।
खैरापति सरकार के मंदिर से हुई यात्रा की शुरुआत
कलश यात्रा का शुभारंभ ग्राम ज़मरेही में स्थित खैरापति सरकार से विधिवत पूजा-अर्चना के साथ हुआ। श्रद्धालुओं ने भगवान का स्मरण करते हुए यात्रा की शुरुआत की और पूरे अनुशासन के साथ आगे बढ़े।
पूरे गांव में गूंजे जयकारे
डीजे की धुन और भक्ति गीतों के साथ निकली यह यात्रा गांव के प्रमुख मार्गों से होकर करीब चार किलोमीटर तक चली। रास्ते भर ‘जय श्री राम’ के जयकारों से माहौल गूंजता रहा। श्रद्धालु नाचते-गाते हुए भक्ति में सराबोर नजर आए।
यात्रा का समापन ग्राम ज़मरेही में स्थित खैरापति सरकार के मंदिर में हुआ। यहां पहुंचकर श्रद्धालुओं ने मंगल गीतों के साथ कलश स्थापना की और श्रीराम कथा के सफल आयोजन की कामना की।
महिलाओं और बच्चों में दिखा खास उत्साह
इस आयोजन में महिलाओं और बालिकाओं की भागीदारी विशेष रूप से उल्लेखनीय रही। बच्चों के मुख से ‘एक ही नारा, एक ही नाम—जय श्री राम’ के उद्घोष ने पूरे माहौल को और अधिक जीवंत बना दिया। महिलाओं ने भी इस अवसर पर नृत्य कर अपनी भक्ति अभिव्यक्त की।
श्रद्धालुओं की रही बड़ी भागीदारी
कलश यात्रा में ग्राम प्रधान अनूप कुठौलिया, पूर्व मंत्री हरिओम उपाध्याय, जिला सह संयोजक बजरंग दल महेन्द्र सिंह परिहार, नीरज श्रीवास्तव शक्तिकेंद्र संयोजक ज़मरेही, शिवम तिवारी राजेंद्र सेंगर रहावली, सहित सैकड़ों महिला श्रद्धालुओं ने भाग लिया। सभी ने पूरे उत्साह और श्रद्धा के साथ आयोजन को सफल बनाया।
आयोजन में सहयोगियों की अहम भूमिका
यात्रा की व्यवस्था में राघवेंद्र तिवारी जी एवं परशुराम सेना के समस्त कार्यकर्ता बंधु एवं ग्राम के सम्मानित बंधु, सहित कई लोगों का महत्वपूर्ण योगदान रहा। इनके सहयोग से आयोजन सुव्यवस्थित और भव्य रूप में संपन्न हुआ।
भक्ति और एकता का संदेश
यह कलश यात्रा न केवल धार्मिक आस्था का प्रतीक बनी, बल्कि सामाजिक एकता और सामूहिक सहभागिता का भी संदेश दे गई। श्रीराम कथा के साथ अब पूरे क्षेत्र में एक सप्ताह तक भक्ति की धारा बहने की उम्मीद है। जय श्री राम जय श्री कृष्णा

