
उरई जालौन। तीव्र आंधी, वर्षा एवं ओलावृष्टि से फसल बर्बाद होने के बाद जहां किसान आर्थिक संकट से जूझ रहे हैं, वहीं कुछ परिवारों के सामने बेटियों के विवाह की चिंता और भी बड़ी समस्या बनकर खड़ी हो गई है। ऐसे ही दो पीड़ित किसानों के वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद ब्लॉक प्रमुख रामपुरा अजीत सिंह सेंगर का मन द्रवित हो उठा और उन्होंने तत्काल मदद का निर्णय लिया।
विकास खंड माधौगढ़ के ग्राम अकबरपुरा निवासी कमलेश परिहार, जो कि भूमिहीन मजदूर कृषक हैं, की पुत्री कुमकुम का विवाह आगामी 21 अप्रैल को होना है। बेटी की शादी के लिए कमलेश ने अपनी जमा पूंजी 60 हजार रुपये खर्च कर गांव के एक जमींदार की छह बीघा जमीन बटाई पर ली थी। उन्हें उम्मीद थी कि फसल की पैदावार से वह विवाह का खर्च उठा पाएंगे, लेकिन प्राकृतिक आपदा ने उनकी सारी उम्मीदों पर पानी फेर दिया।
इसी गांव के राज बहादुर सिंह, जिनके पास मात्र छह बीघा पैतृक जमीन है, की पुत्री शिवानी का विवाह 6 मई को प्रस्तावित है। उन्होंने भी फसल से होने वाली आय के सहारे शादी की तैयारियां करने की योजना बनाई थी, लेकिन ओलावृष्टि ने उनकी फसल पूरी तरह नष्ट कर दी, जिससे वे गहरे संकट में आ गए।
इन दोनों परिवारों की व्यथा जब सोशल मीडिया के माध्यम से सामने आई तो ब्लॉक प्रमुख अजीत सिंह सेंगर भावुक हो गए। उन्होंने मंगलवार की शाम करीब 7 बजे ग्राम अकबरपुरा पहुंचकर दोनों परिवारों से मुलाकात की और सहायता प्रदान की।
ब्लॉक प्रमुख ने दोनों परिवारों को पुत्रियों के विवाह हेतु एक कुंतल आटा, 50 किलो शक्कर और 15 लीटर रिफाइंड तेल का डिब्बा भेंट किया। साथ ही जिन कन्याओं का विवाह होना है, उन्हें बहन का दर्जा देते हुए 5100 रुपये की आर्थिक सहायता भी प्रदान की। उन्होंने भावुक होकर कन्याओं के पैर छूकर आशीर्वाद लिया और आश्वासन दिया कि भविष्य में किसी भी आवश्यकता पर वे उनके साथ खड़े रहेंगे।
इस दौरान उन्होंने कहा कि प्राकृतिक आपदा के कारण किसी भी बहन-बेटी के विवाह में कोई बाधा नहीं आने दी जाएगी और हर संभव सहयोग किया जाएगा।
ब्लॉक प्रमुख के इस संवेदनशील और मानवीय कदम की क्षेत्रभर में सराहना हो रही है। इस अवसर पर ग्राम प्रधान अकबरपुरा बृजभूषण सिंह सहित उधल सिंह, धर्मेंद्र सिंह, परमाल सिंह, बृजराज सिंह, प्रताप भान सिंह, चरण सिंह, वृंदावन सिंह, भूपेंद्र सिंह समेत सैकड़ों ग्रामीण उपस्थित रहे।



