स्मार्ट मीटर, स्मार्ट उपभोक्ता, स्मार्ट जालौन की ओर बढ़ता जनपद
स्मार्ट प्रीपेड मीटर व्यवस्था से बिजली उपभोक्ताओं को मिलेगा पारदर्शी और सशक्त नियंत्रण

उरई(जालौन)। जिलाधिकारी राजेश कुमार पाण्डेय की अध्यक्षता में विकास भवन के रानी लक्ष्मीबाई सभागार में स्मार्ट प्रीपेड मीटर व्यवस्था को लेकर प्रेस ब्रीफिंग आयोजित की गई, जिसमें विद्युत विभाग द्वारा स्मार्ट मीटर प्रणाली की विशेषताओं, लाभों एवं उपभोक्ताओं के लिए आवश्यक जानकारियों को विस्तार से साझा किया गया।
प्रेस ब्रीफिंग में बताया गया कि स्मार्ट प्रीपेड मीटर एक आधुनिक तकनीक आधारित प्रणाली है, जो उपभोक्ताओं को रीयल-टाइम में बिजली खपत एवं भुगतान की जानकारी उपलब्ध कराती है। यह मीटर प्रीपेड मोड पर कार्य करता है, जिसमें मोबाइल फोन की तरह रिचार्ज कर बिजली का उपयोग किया जा सकता है। साथ ही, यह मीटर सटीकता, डेटा सुरक्षा एवं सौर ऊर्जा (सोलर) के लिए भी पूर्णतः तैयार है।जिलाधिकारी ने कहा कि भारत सरकार एवं केंद्रीय विद्युत प्राधिकरण (CEA) के दिशा-निर्देशों के अनुसार सभी नए कनेक्शनों में स्मार्ट प्रीपेड मीटर अनिवार्य किए जा रहे हैं तथा पुराने मीटरों को भी चरणबद्ध तरीके से प्रतिस्थापित किया जाएगा। उन्होंने कहा कि स्मार्ट मीटर व्यवस्था से उपभोक्ताओं को अनेक लाभ प्राप्त होंगे, जिनमें बिजली खपत की दैनिक एवं प्रति घंटे निगरानी, सटीक एवं पारदर्शी बिलिंग, कम बैलेंस की पूर्व सूचना, ऑटोमैटिक रीकनेक्शन तथा प्रीपेड पर 2 प्रतिशत की छूट शामिल है। साथ ही, पहले जमा सुरक्षा धनराशि को उपभोक्ताओं के खाते में समायोजित अथवा क्रेडिट किया जाएगा। जिलाधिकारी ने कहा कि उपभोक्ता UPPCL स्मार्ट ऐप के माध्यम से घर बैठे बिजली उपयोग की जानकारी प्राप्त कर सकते हैं तथा UPI, Paytm, GPay आदि माध्यमों से आसानी से रिचार्ज कर सकते हैं। ऐप के माध्यम से शिकायत दर्ज करने, रिचार्ज इतिहास देखने एवं मासिक विवरण प्राप्त करने की भी सुविधा उपलब्ध है। उन्होंने कहा कि स्मार्ट मीटर, स्मार्ट उपभोक्ता, स्मार्ट जालौन के लक्ष्य के तहत उपभोक्ताओं को अधिकतम सुविधा प्रदान की जा रही है। अब उपभोक्ता स्वयं भी अपने मोबाइल के माध्यम से आसानी से रिचार्ज कर सकते हैं। इसके साथ ही ग्रामीण एवं दूरस्थ क्षेत्रों के उपभोक्ताओं की सुविधा के लिए बीसी सखी के माध्यम से भी रिचार्ज की व्यवस्था की गई है। इसके अतिरिक्त विद्युत विभाग द्वारा विशेष काउंटर स्थापित किए गए हैं, जहां उपभोक्ता जाकर आसानी से रिचार्ज करा सकते हैं। उन्होंने कहा कि स्मार्ट मीटर की स्थापना आरडीएसएस योजना के अंतर्गत निःशुल्क की जा रही है। मीटर स्थापना के समय उपभोक्ताओं को इंस्टॉलर की पहचान सुनिश्चित करने, सही मोबाइल नंबर पंजीकरण एवं सीलिंग प्रमाण पत्र की जांच करने की सलाह दी गई।उपभोक्ताओं की सुविधा के लिए बिजली आपूर्ति बाधित होने की स्थिति में रिचार्ज के बाद सामान्यतः 2 घंटे के भीतर आपूर्ति बहाल हो जाती है। इसके अतिरिक्त ग्रेस पीरियड, इमरजेंसी क्रेडिट तथा नो-डिस्कनेक्ट जोन जैसी सुविधाएं भी प्रदान की गई हैं, जिससे उपभोक्ताओं को असुविधा से बचाया जा सके।जिलाधिकारी ने जनपदवासियों से अपील की कि स्मार्ट प्रीपेड मीटर व्यवस्था को अपनाकर पारदर्शी, आधुनिक एवं उपभोक्ता-अनुकूल विद्युत प्रणाली के निर्माण में सहयोग करें तथा अधिक से अधिक लोग UPPCL स्मार्ट ऐप डाउनलोड कर इसका लाभ उठाएं। उन्होंने कहा कि स्मार्ट मीटर आपकी बिजली, आपका नियंत्रण की भावना के साथ यह व्यवस्था उपभोक्ताओं को सशक्त बनाते हुए विद्युत सेवाओं में गुणवत्ता और पारदर्शिता सुनिश्चित करेगी।
इस अवसर पर अधीक्षण अभियंता योगेंद्र सिंह अधिशासी अभियंता प्रथम जितेंद्र नाथ अधिशासी अभियंत महेंद्र भारती आदि मौजूद रहे



