उरई

ग्रामों में योजनाओं का जमीनी सत्यापन, जनचौपाल में जनता से सीधा संवाद

मा0 मुख्यमंत्री की मंशा के अनुरूप अंतिम व्यक्ति तक लाभ पहुंचाने के निर्देश

खिलाड़ियों को मिलेगा नया मैदान, 31 मार्च तक खेल मैदान निर्माण के निर्देश, युवाओं को खेलों से जोड़ने की दिशा में ठोस पहल

तालाब बनेगा गांव की पहचान, सौंदर्यीकरण व हरियाली का होगा विकास, पाथवे, वृक्षारोपण से संवरेगा ग्राम का प्राकृतिक सौंदर्य

जिलाधिकारी राजेश कुमार पाण्डेय व पुलिस अधीक्षक डॉ दुर्गेश कुमार ने आज विकास खण्ड रामपुरा के ग्राम बिजुआपुर एवं ग्राम बावली का स्थलीय भ्रमण कर गलियों में पैदल घूमते हुए केंद्र व उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा संचालित जनकल्याणकारी योजनाओं की वास्तविक स्थिति का जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने ग्रामीणों से सीधे संवाद कर आवास, पेंशन, राशन, आयुष्मान भारत, स्वच्छ भारत मिशन, उज्ज्वला योजना, मुख्यमंत्री आवास योजना, मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना, सहित अन्य योजनाओं के क्रियान्वयन की जानकारी प्राप्त की।
इसके उपरांत ग्राम पंचायत कंझारी में आयोजित जनचौपाल में जिलाधिकारी ने ग्राम में कराए गए विकास कार्यों का सत्यापन कराया तथा ग्रामीणों की समस्याएं गंभीरतापूर्वक सुनीं। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि उत्तर प्रदेश सरकार की मंशा के अनुरूप प्रत्येक पात्र लाभार्थी को योजनाओं का लाभ शत-प्रतिशत एवं पारदर्शी तरीके से उपलब्ध कराया जाए।
खेल मैदान व तालाब सौंदर्यीकरण के निर्देश
जिलाधिकारी ने निरीक्षण के दौरान पाया कि ग्राम में खेल मैदान उपलब्ध नहीं है। इस पर उन्होंने संबंधित अधिकारियों को 31 मार्च 2026 तक खेल मैदान निर्माण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। साथ ही ग्राम में स्थित तालाब के सौंदर्यीकरण, चारों ओर पाथवे निर्माण एवं वृक्षारोपण कराए जाने के भी निर्देश दिए, जिससे ग्रामीणों को बेहतर सुविधाएं एवं स्वच्छ पर्यावरण मिल सके। सरकार की संवेदनशीलता का जीवंत उदाहरण बनी राधिका
जनचौपाल के दौरान एक भावुक दृश्य उस समय देखने को मिला जब 08 वर्षीय बालिका राधिका स्वयं मंच पर आई और अपनी आपबीती साझा की। बालिका ने बताया कि उसकी माता का देहांत हो चुका है तथा पिता ने उसे छोड़ दिया है। उसने दृढ़ संकल्प के साथ कहा कि वह पढ़-लिखकर बड़ी अफसर बनना चाहती है।
बालिका की बात सुनकर जिलाधिकारी राजेश कुमार पाण्डेय एवं पुलिस अधीक्षक ने उसे अपने पास बैठाया और सार्वजनिक मंच से घोषणा की कि इस बेटी की शिक्षा से लेकर समस्त खर्च जिला प्रशासन वहन करेगी। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि बालिका को बाल सेवा योजना सहित उत्तर प्रदेश सरकार की अन्य प्रासंगिक कल्याणकारी योजनाओं से तत्काल लाभान्वित किया जाए।
जिलाधिकारी ने कहा कि प्रदेश सरकार बेटियों की सुरक्षा, शिक्षा और भविष्य के प्रति पूरी तरह संवेदनशील है तथा किसी भी जरूरतमंद बच्चे को अकेला नहीं छोड़ा जाएगा। प्रशासन हर पात्र व्यक्ति के साथ खड़ा है और योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाना सर्वोच्च प्राथमिकता है।
इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी केके सिंह, परियोजना निदेशक अखिलेश तिवारी, जिला विकास अधिकारी निशान्त पाण्डेय, डीसी मनरेगा रामेन्द्र सिंह आदि सहित संबंधित विभागों के अधिकारी, ग्राम प्रधान एवं बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button